चंडीगढ़, 29 अगस्त (हि.स.) : पंजाब के विभिन्न सरकारी नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्रों में शुक्रवार को रक्षाबंधन का त्योहार मनाया गया। इस दौरान परिवारों ने उपचार करा रहे अपने प्रियजनों के साथ समय बिताया और उन्हें नशा मुक्त जीवन की ओर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। भगवंत मान सरकार की ‘युद्ध नशों विरुद्ध’ मुहिम के तहत आयोजित कार्यक्रमों में एनजीओ, सूरमाओं और पीयर एंबेसडरों ने भी हिस्सा लिया। गुरदासपुर, कपूरथला, एस.ए.एस. नगर, पटियाला समेत कई जिलों में मरीजों के लिए राखी, पत्र-लेखन और रचनात्मक गतिविधियां करवाई गईं। गुरदासपुर के जिला नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र में सूरमा पंकज महाजन ने मरीजों और उनके परिवारों से बातचीत करते हुए अपना अनुभव साझा किया। उन्होंने बताया कि वह पिछले 10 वर्षों से नशा मुक्त हैं। उन्होंने मरीजों से नशा मुक्ति के प्रयास को जारी रखने और अपने परिवार के पास स्वस्थ जीवन के साथ लौटने की अपील की। कपूरथलाबठिंडा, पठानकोट, नवांशहर, मानसा, फतेहगढ़ साहिब, फरीदकोट और अमृतसर सहित अन्य जिलों में भी ऐसे कार्यक्रम हुए। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि नशा मुक्ति केवल व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे परिवार का सफर है। परिवार का प्यार और सहयोग मरीजों को नशे से बाहर निकलकर स्वस्थ जीवन अपनाने की ताकत देता है।